NetworkedBlogs.com (beta) is an extension of the Facebook app NetworkedBlogs.

सृजन और सरोकार

 

Information

Blog Name: सृजन और सरोकार
Url: http://ravikumarswarnkar.wordpress.com
Language: Hindi
Topics: poetry, posters, litrature
Description: विभिन्न कला-विधाओं में रवि कुमार, रावतभाटा
Popularity: 8 Followers

Blog Feed

हमारी आंखों में ख़ून नहीं उतरता – महेन्
हमारी आंखों में ख़ून नहीं उतरता – महेन्द्र नेह ( a kavita poster by ravi kumar, rawatbhata) पिछले दिनों मथुरा में कोटा के ख्यातिनाम गीतकार महेन्द्र नेह की कविता पुस्तक ‘थिरक उठेगी धरती’ का विमोचन संपन्न हुआ था। वहां कविता पोस्टर प्रदर्शनी भी लगाई गई थी, जिसमें उनकी कविताओं पर
ये कैसी मंदी सजन – शिवराम के दोहे
ये कैसी मंदी सजन – शिवराम के दोहे ( a kavita poster by ravi kumar, rawatbhata) पिछली बार शिवराम की कविताओं से गुजरना हुआ था.  इस बार शिवराम के ही कुछ दोहों पर बनाया गया एक कविता पोस्टर यहां प्रस्तुत है. यह अभी हाल ही में लोकसंघर्ष पत्रिका पर पृष्ठांकित हो चुका है, इसलिए हो सकता है
शिवराम की कविताएं
शिवराम की कविताएं कोटा में शिवराम की तीन कविता पुस्तकों का विमोचन था। इस अवसर पर, उनकी कविताओं पर कुछ पोस्टर खींच-खांचकर मैं भी वहां उपस्थित था। कार्यक्रम की विस्तृत रपट की प्रस्तुति पर तो आदरणीय दिनेश राय द्विवेदी जी का कॉपीराईट है। अभी वे बाहर हैं, जल्द
असली इंसान की तरह जिएंगे – मार्क्स
असली इंसान की तरह जिएंगे – मार्क्स ( a kavita poster by ravi kumar, rawatbhata) शब्दों के कुछ समूह हमारी चेतना पर अचानक एक हथौडे़ की तरह पड़ते हैं, और हमें बुरी तरह झिंझोड़ डालते हैं. दरअसल हथौडे़ की तरह पड़ने और बुरी तरह झिंझोड़ डालने वाली उपमाओं के पीछे होता यह है कि इन शब्दो
दीपावली फिर टल गई
दीपावली फिर टल गई (a poem by ravi kumar, rawatbhata) आफ़ताब का दम भरने वाले दिए की लौ से खौफ़ खा गए आखिर ब्लैकआउट के वक्त उनके ही घर से रौशनी के आग़ाज़ का जोखिम

Followers

This blog has 8 followers. Visit the blog page on Facebook to see who's following this blog.
Follow

Popular in:

Not enough data.
Calculated for blogs with 20+ followers.

Related Blogs

This site uses BitPixels previews
Questions? contact: networkedblogs@ninua.com
Copyright (C) 2008, Ninua, Inc.