Add Your Blog | | Signup
jigyasa · 21h ago

‘दीदी’ का बढ़ता राष्ट्रीय रसूख

बंगाल की मुख्यमंत्री बनने के बाद भी ममता बनर्जी की राष्ट्रीय अभिलाषा दबी-छिपी नहीं है. पिछले साल नवंबर में नोटबंदी के बाद सबसे पहले उसके खिलाफ आंदोलन उन्होंने ही शुरू किया. उनकी पार्टी का ना...
jigyasa · 2d ago

जीएसटी यानी एक नए युग में प्रवेश

वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लागू होने की तारीख नजदीक आने के पहले उससे जुड़ी सारी प्रक्रियाएं तकरीबन पूरी हो चुकी हैं। जीएसटी कौंसिल की श्रीनगर में हुई बैठकों में वस्तुओं और सेवाओं की दरों को...
jigyasa · 3d ago

‘महाबली’ प्रधानमंत्री के तीन साल

केंद्र की एनडीए सरकार के काम-काज को कम के कम तीन नजरियों से देख सकते हैं। प्रशासनिक नज़रिए से,  जनता की निगाहों से और नेता के रूप में नरेंद्र मोदी की व्यक्तिगत पहचान के लिहाज से। प्रशासनिक मामलों में यह सरकार यूपीए-1 और 2 के मुकाबले ज्यादा चुस्त और द...
jigyasa · 4d ago

क्या तैयारी है मोदी के मिशन 2019 की?

नरेन्द्र मोदी महाबली साबित हो रहे हैं। उनके रास्ते में आने वाली सारी बाधाएं दूर होती जा रही हैं। लोगों का अनुमान है कि वे 2019 का चुनाव तो जीतेंगे उसके बाद 2024 का भी जीत सकते हैं। यह अनुमान है। अनुमान के पीछे दो कारण हैं। एक उनकी उम्र अभी इतनी है कि...
jigyasa · 1W ago

खामोश क्यों हैं केजरीवाल?

दिल्ली सरकार से हटाए गए कपिल मिश्रा आम आदमी पार्टी के गले की हड्डी साबित हो रहे हैं. पिछले...
jigyasa · 1W ago

विपक्षी बिखराव के तीन साल

मोदी सरकार के तीन साल पूरे हुए जा रहे हैं। सरकार के कामकाज पर निगाह डालने के साथ यह जानना ...
jigyasa · 1W ago

घातक है स्टूडियो उन्माद

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें कश्मीरी आतंकवादी दो पुलिस मुखबिरों को यातनाएं दे रहे हैं। साफ है कि इस वीडियो का उद्देश्य पुलिस की नौकरी के लिए कतारें लगाने वाले नौजवानों को डर...
jigyasa · 1W ago

मोदी का भाग्य और विरोधी छींकों का टूटना

लोकसभा चुनाव जीतने भर से किसी राजनीतिक दल का देशभर पर वर्चस्व स्थापित नहीं हो जाता। सन 1977, 1989 और 1996-97 और उसके बाद 1998-2004 तक किसी न किसी रूप में गैर-कांग्रेसी सरकारें दिल्ली की गद्दी पर बैठीं, पर राष्ट्रीय राजनीति पर कांग्रेस का वर्चस्व एक ह...
jigyasa · 3W ago

क्यों खटक रहे हैं बर्तन 'आप' के?

नज़रिया: क्या केजरीवाल पर से उठ गया है कुमार का 'विश्वास'?प्रमोद जोशीवरिष्ठ पत्रकार, बीबीस...
jigyasa · 3W ago

'आप' पर संकट के बादल

अरविन्द केजरीवाल ने एक बार फिर से माफी माँगी है कि हमने जनता के मिज़ाज को ठीक से नहीं समझा। आम आदमी पार्टी जितनी तेजी से उभरी थी, उससे भी ज्यादा तेजी के साथ उसका ह्रास होने लगा है। पिछले डेढ़-दो महीनों में उसे जिस तरह से सिलसिलेवार हार का सामना करना ...